प्रकाशित 2026-07-13
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सार
प्रस्तुत शोध-पत्र में उच्च प्राथमिक विद्यालय के विद्यार्थियों में जीवन कौशल के विकास में बाल संसद की भूमिका का अध्ययन किया गया है। इस शोध-अध्ययन का उद्देश्य उच्च प्राथमिक विद्यालय के विद्यार्थियों में जीवन कौशल के विकास में बाल संसद संचालित एवं बाल संसद-विहीन विद्यालयों की प्रभाविता का अध्ययन करना तथा जीवन कौशल के विकास में लिंग एवं क्षेत्र के आधार पर बाल संसद की प्रभाविता का विश्लेषण करना है।
प्रस्तुत शोध में जनसंख्या के रूप में उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा प्रयागराज जिले के नैनी एवं विकास खंड चाका में संचालित उच्च प्राथमिक विद्यालयों के सत्र 2021–22 में कक्षा 8 में अध्ययनरत विद्यार्थियों को चुना गया। उद्देश्यपूर्ण प्रतिचयन विधि के माध्यम से कुल 13 उच्च प्राथमिक विद्यालयों के 480 विद्यार्थियों का चयन किया गया। इनमें बाल संसद संचालित विद्यालयों के 237 तथा बाल संसद-विहीन विद्यालयों के 243 विद्यार्थी शामिल थे।
आँकड़ों के संकलन हेतु स्वनिर्मित जीवन कौशल मापनी का निर्माण किया गया तथा प्राप्त आँकड़ों के विश्लेषण एवं उनकी सार्थकता स्पष्ट करने के लिए वर्णनात्मक सांख्यिकी का प्रयोग किया गया।
शोध के निष्कर्षों से ज्ञात हुआ कि जीवन कौशल के विकास में बाल संसद संचालित एवं बाल संसद-विहीन विद्यालयों के विद्यार्थियों की अभिवृत्तियों में सार्थक अंतर पाया गया। इसी प्रकार, जीवन कौशल के विकास में बाल संसद संचालित शहरी क्षेत्र के विद्यार्थियों तथा बाल संसद संचालित ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थियों की अभिवृत्तियों में भी सार्थक अंतर पाया गया।
हालाँकि, जीवन कौशल के विकास के संदर्भ में बाल संसद संचालित विद्यालयों के लड़कों एवं लड़कियों की अभिवृत्तियों में कोई सार्थक अंतर नहीं पाया गया।