Published 2026-07-13
How to Cite
Abstract
यह लेख मातृभाषा के माध्यम से प्राथमिक शिक्षा प्रदान करने के महत्व को रेखांकित करता है। लेख में बताया गया है कि बच्चे अपनी मातृभाषा में सहजता से विचार व्यक्त कर सकते हैं, अनुभव साझा कर सकते हैं तथा जटिल अवधारणाओं को भी आसानी से समझ सकते हैं। मातृभाषा में शिक्षा से उनकी आत्मनिर्भरता, आत्मविश्वास और भाषा कौशल में वृद्धि होती है।
लेख में राष्ट्रीय पाठ्यचर्या रूपरेखा – बुनियादी स्तर 2022 का उल्लेख करते हुए स्पष्ट किया गया है कि मातृभाषा केवल भाषा विकास में ही नहीं, बल्कि अन्य विषयों के अधिगम में भी सहायक होती है। इसके अंतर्गत कोड-स्विचिंग, कोड-मिक्सिंग तथा द्विभाषीय शिक्षण जैसी रणनीतियों पर भी चर्चा की गई है।
लेख में मातृभाषा के प्रयोग से कक्षा-कक्ष की गतिविधियों, शिक्षण विधियों तथा बच्चों की संज्ञानात्मक क्षमताओं के विकास से जुड़े विभिन्न उदाहरण प्रस्तुत किए गए हैं। बच्चों की भाषा को कक्षा में संसाधन के रूप में अपनाकर अधिगम प्रक्रिया को अधिक प्रभावशाली, सहज और बाल-केंद्रित बनाया जा सकता है।